बस्तर,01नवंबर (वेदांत समाचार) । मध्य प्रदेश से अलग होकर छत्तीसगढ़ राज्य बने आज 25 बरस पूरे हो गए हैं। वहीं छत्तीसगढ़ के बस्तर में पिछले 25 सालों में प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना (PMGSY) ने कुल 2388.24 किमी की सड़कें बनाई हैं।
1420 गांवों को सड़क कनेक्टिविटी के माध्यम से सीधे शहर से जोड़ा गया है। इसके लिए 856.80 करोड़ रुपए खर्च किए गए हैं। इसके साथ ही 16 बड़े पुल भी बनाए गए।
वहीं साल 2025-26 में पीएम-जगुआ और PMGSY फेज-4 के नए चरण में 295 बसाहटों का सर्वेक्षण आधुनिक जीओ सड़क ऐप और ड्रोन तकनीक की मदद से पूरा किया गया है। इनमें से बैच-1 के तहत 87 सड़कों का डीपीआर तैयार कर केंद्र सरकार को स्वीकृति के लिए भेजा जा चुका है।
नया प्रोजेक्ट भेजा गया
इन नई सड़कों में जलवायु अनुकूल डिजाइन, सौर ऊर्जा से संचालित स्ट्रीट लाइट और वर्षा जल संचयन की व्यवस्था भी शामिल की जा रही है। बस्तर जिले में नक्सलवाद से सबसे अधिक प्रभावित दरभा, बास्तानार, लोहंडीगुड़ा जैसे विकासखंडों में बनी इन सड़कों से विकास की रफ्तार तेज हुई है।
फैक्ट फाइल
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजनांतर्गत जिले में कुल 451 सड़कें स्वीकृत हुईं, जिनमें से सभी पूर्ण हो चुकी हैं।
पीएमजीएसवाई फेज-1 के तहत 426 सड़कें 1993.51 किलोमीटर लंबी।
पीएमजीएसवाई फेज-2 के तहत 5 सड़कें 94.35 किलोमीटर लंबी।
पीएमजीएसवाई फेज-3 के तहत 20 सड़कें 300.38 किलोमीटर की बनीं।
इनके साथ ही 42.30 करोड़ रुपए की लागत से 16 बड़े पुल बनाए गए।



